गंगा दशहरा पर लग रही आस्था की डुबकी, हो रहा स्नान-दान
खास बात
बन रहा शुभ संयोग
ज्योतिषों की मानें तो गुरुवार के दिन सुबह करीब 8 बजकर 23 मिनट से लेकर शुक्रवार सुबह 7 बजकर 27 मिनट तक गंगा दशहरा का शुभ मुर्हुत रहेगा। वहीं, ज्योतिषियों के अनुसार इस बार इस दिन ग्रह-नक्षत्रों से मिलकर कुल 4 शुभ संयोग बन रहा हैं। जिससे बहुत ही शुभ माना जा रहा है।
मनाया जाता है ये महोत्वसव
क्या आपको ये पता है कि गंगा दशहरा के दिन आस्था की डुबकी लगाने का विशेष महत्व होता है। हालांकि सभी से प्रतिवर्ष संभव नहीं हो पाता है कि गंगा दशहरा के दिन गंगा नदी के उद्गम स्थल से लेकर संगम स्थल जाकर डुबकी लगाए। ऐसे में ज्यादातर श्रद्धालु घर पर ही पानी में थोड़ा गंगा जल मिलाकर या अन्य छोटी नदियों-सरोवरों में स्नान-ध्यान कर लेते है। जानकारी के लिए बता दें कि इसके साथ ही इसी दिन जगह-जगह तटों पर देवनद दामोदर महोत्सव भी मनाया जाता है और पूजा-अर्चना भी होती है।
इस चीज का किया जाता है दान
बता दें कि स्नान करने से 3 कायिक, 4 वाचिक व 3 मानसिक यानी कुल मिलाकर 10 पापों से आपको मुक्ति मिलेगी। स्नान के बाद अन्न, वस्त्र, रुपए, आभूषण व पूजन-सुहाग सामग्री के अलावा खरबूजा, सत्तू, शर्बत, पंखा आदि का भी दान करने से पुण्य की प्राप्ति होती है।

